दो गाड़ियों के मालिक भी राशन कार्ड धारक, पात्रता जांच पर उठे सवाल
दैनिक सत्ता मंत्र
शोहरतगढ़/ सिद्धार्थनगरं। शोहरतगढ़ तहसील में सरकारी राशन व्यवस्था में पात्र लाभार्थियों तक योजना का लाभ पहुंचाने के लिए शासन स्तर से निर्धारित पात्रता मानकों का पालन किया जाता है। इसके बावजूद ऐसे लोगों के राशन कार्ड बने होने का मामला सामने आया है, जिनके नाम पर दो वाहन होने की बात सामने आ रही है। मामले में सबसे बड़ा सवाल यह है कि राशन कार्ड जारी किए जाने से पहले संबंधित परिवार की पात्रता का सत्यापन किस स्तर पर किया गया। यदि संबंधित व्यक्ति वास्तव में निर्धारित मानकों के तहत अपात्र हैं, तो उनका राशन कार्ड कैसे बना और उन्हें लगातार सरकारी खाद्यान्न का लाभ कैसे मिलता रहा? स्थानीय स्तर पर सप्लाई विभाग की कार्यप्रणाली और सत्यापन प्रक्रिया पर भी सवाल उठ रहे हैं। आरोप है कि विभागीय स्तर पर कथित मेहरबानी के चलते अपात्र लोगों को राशन योजना का लाभ मिल रहा है। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। मामले में ग्रामीणों ने उच्चाधिकारियों से राशन कार्ड धारकों की पात्रता, वाहन स्वामित्व, परिवार की आय एवं विभागीय सत्यापन रिकॉर्ड की जांच कराने की मांग की है। साथ ही यदि जांच में अपात्रता सामने आती है तो नियमानुसार राशन कार्ड निरस्त करने तथा जिम्मेदार अधिकारियों-कर्मचारियों की भूमिका की जांच कर कार्रवाई किए जाने की मांग उठाई गई है। अब देखना है कि जिम्मेदार अधिकारी इस मामले में जांच कर वास्तविकता सामने लाते हैं या मामला कागजों तक ही सीमित रह जाता है।
