सिद्धार्थनगर

महथा के पास कटान नहीं रुका तो मचेगी तबाही

Spread the love


दैनिक बुद्ध का संदेश
शोहरतगढ़, सिद्धार्थनगर।नेपाल की पहाड़ी नदियों से आने वाले बाढ़ के पानी के कारण सीमावर्ती क्षेत्र की बानगंगा और घोरही नदियां उफान पर हैं। बानगंगा नदी में तेज बहाव के चलते महथा और नौडिहवा गांव के पास नदी की कटान तेज होने से ग्रामीणों में दहशत है। ग्रामीणों का कहना है कि समय रहते कटान को नहीं रोका गया तो आसपास के कई गांवों में बाढ़ का पानी पहुंच सकता है और फसलों के साथ जान-माल के नुकसान का खतरा बढ़ सकता है।ग्राम प्रधान प्रतिनिधि शेख मोहम्मद आसिम उर्फ नैय्यर, राकेश राज, जितेंद्र, राजेंद्र, अशोक कुमार, रमाकांत यादव, इंद्रजीत शर्मा, संजय, मनोज और विवेकानंद समेत ग्रामीणों ने बताया कि हर वर्ष बारिश के दौरान बानगंगा नदी के उफान पर आने से महथा के पास कटान शुरू हो जाती है। पिछले वर्ष भी कटान रोकने के लिए प्रशासन की ओर से पेड़ की डाल और ईंट से भरी बोरियां लगाई गई थीं। ग्रामीणों का कहना है कि कटान रोकने के लिए स्थायी इंतजाम नहीं होने से इस वर्ष फिर उसी स्थान के आसपास कटान शुरू हो गई है।ग्रामीणों के अनुसार, यदि समय रहते कटान पर प्रभावी रोक नहीं लगाई गई तो महथा, लेदवा, बौड़ारी, गजहड़ा, नहरी, मड़वा और सेगवारे समेत आसपास के गांवों में पानी घुसने की आशंका है। इससे खेतों में खड़ी फसल प्रभावित होने के साथ ही ग्रामीणों की सुरक्षा को लेकर भी खतरा उत्पन्न हो सकता है। उधर, बानगंगा नदी के उफान के कारण बसहिया और नौडिहवा के बीच सड़क पर करीब आधा फीट पानी बह रहा है। वहीं नौडिहवा से नदवलिया और रामापुर जाने वाले मार्ग पर ग्राम बेलभरिया के पास भी सड़क पर पानी चल रहा है। ग्रामीण राधेश्याम जायसवाल, अशोक कुमार, विजय और अच्छेलाल शर्मा ने बताया कि पानी भरने के कारण नदवलिया और रामापुर से नौडिहवा आने-जाने वाले चार पहिया वाहन और आटो चालक लक्ष्मीनगर, बसहिया और रामगढ़ होकर आवागमन कर रहे हैं। मामले में एसडीएम राजेश कुमार ने बताया कि उन्हें कटान की जानकारी नहीं थी। कटान की स्थिति का जायजा लेने और उसे रोकने के लिए राजस्व विभाग की टीम को मौके पर भेजा जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *